सत्य निकेतन में पी-14 परिसर में बनी पांच मंजिला इमारत के गिरने से छह लोगों की मौत के बाद एमसीडी ने बगल की पी-13 इमारत के संबंध में एक आदेश जारी किया.
दुर्घटना से हुए नुकसान के बाद कंपनी ने इमारत को असुरक्षित घोषित कर दिया और मालिक को इसे तीन दिनों के भीतर खाली कर गिराना होगा.
हादसे के बाद एमसीडी ने अपनी जांच तेज कर दी है और आसपास की इमारतों की सुरक्षा को लेकर कदम उठाए हैं. कंपनी ने कहा कि यह इमारत वहां रहने वाले लोगों और राहगीरों के लिए खतरा पैदा कर सकती है.
ग्रीन पार्क दक्षिण जिला कार्यालय के कार्यकारी अभियंता (भवन)-I ने 6 सितंबर, 2026 को इस संबंध में एक आदेश जारी किया. यह कार्रवाई दिल्ली नगर निगम अधिनियम, 1957 की धारा 348 के तहत की गई. एमसीडी ने भवन मालिक को आदेश प्राप्त होने के तीन दिनों के भीतर इमारत को ध्वस्त करने का आदेश दिया.
अगर तय समय में बिल्डिंग नहीं गिराई गई तो एमसीडी खुद बिल्डिंग तोड़ देगी। तोड़फोड़ की लागत मालिक से कर के रूप में वसूली जाती है.
दूसरे शब्दों में, जिस इमारत में दुर्घटना हुई उसके बगल की इमारत भी क्षतिग्रस्त हो गई थी और कंपनी ने इसे खतरनाक मानते हुए इसे ध्वस्त करने का आदेश दिया था. एमसीडी की ओर से यह कार्रवाई आसपास के लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए की गई है.